Diwali Special :- इस बार की दिवाली होगी बेहद उम्मदा, आला और शानदार। 👌 👌

यूं तो हर महीने कोई न कोई त्यौहार हम लोग Celebrate कर रहे होते हैं। लेकिन जब बात आती हैं दिवाली की, तो हिंदुस्तान वासियों की ख़ुशी का परचम सातवें आसमां पर होता है। हर व्यक्ति पुरे सालभर से Diwali ( दीपावली  ) के त्यौहार का इंतज़ार बड़ी ही बेसब्री से करता है। क्योंकि इस पर्व पर मिठाइयों / व्यंजनों के साथ-साथ तोहफे भी मिलते है। परिवार-जन और रिश्तेदार एक दूसरे को तोहफे भेंट करते है। और Diwali की शुभकामनाएं देते है। चलिए जान लेते है कि इस बार की Diwali kaise manayi Jaaye.  
Eco friendly Diwali manane ke sabse achhe tarike
क्यों ना इस बार दिवाली कुछ ख़ास अंदाज में मनाई जाए। पटाखों के शोर से दूर, एक सेहतभरी दिवाली।
त्यौहार हमें खुशमिज़ाज़ और उत्साहित बनाए रखते है। यह हमारी रगों में दौड़ते खून को एक नयी शक्ति प्रदान करते है। दिवाली के मौके को भी हम अपने और सबके लिए सेहतमंद और खुशनुमा बनाने जा रहें है।

Green Festival यानी की Eco Friendly त्यौहार मनाने का Craze इन दिनों Society में लगातार बढ़ता जा रहा है। गणेश चतुर्थी, नवरात्रों के बाद अब हम दिवाली भी बिना पर्यावरण को नुकसान पहुचाएं मनाने की योजना को तैयार करेंगें, तो क्यों ना आप भी इस मुहीम में हमारा साथ दें और लुत्फ़ उठाएं एक ख़ास दिवाली का !

इस Article में हम चर्चा करेंगें कि कैसे हमें इस बार Eco Friendly Diwali खुद भी मनानी है और अपने रिश्तेदारों, दोस्तों और पड़ोसियों को भी इसमें शामिल करना है। हम इस Article में कुछ Points पर गौर करेंगें, जिनको हमें शख्ती से Follow करना है। तो चलिए बिना विलम्भ किए शुरू करते है, इस बार की Diwali का Mission सेहतमंद 👈👈

 ⇨  दीए ( दीपक ) देते है Classic Look.  

दिवाली पर मिट्टी के दीपक जलाने का रिवाज़ बरसों से चला आ रहा है लेकिन मॉडर्न जीवनशैली के चलते इनकी जगह अब Electric दीयों ने ले ली है, जिससे बिजली की खपत ज्यादा होती है। ऐसे में मिट्टी के दीए और मोमबत्तियां पर्यावरण के बहुत अनुकूल हैं और इन Classic चीजों में मन को आकर्षित कर देने वाली अपनी ही एक अनोखी छवि झलकती है।

दीए और मोमबत्तियां सस्ती होने के साथ- साथ आसानी से नष्ट भी हो जाती हैं। साथ ही घर को भी खूबसूरत और पारंपरिक Look देने में ये काफी सक्षम हैं। फिर भी अगर आप बिजली की Light इस्तेमाल करना चाहते है, तो आम Light की बजाय LED Light का इस्तेमाल कीजिए। इससे आपको 2 फायदे होंगे - एक तो ऊर्जा की खपत कम होगी और दूसरा आपको रौशनी ज्यादा मिलेगी।

 ⇨  Natural रंगों की रंगोली   

Diwali के मौके पर बनने वाली रंगोली के लिए कृत्रिम (Artificial) रंगों की बजाय Natural रंगों से रंगोली बनाएं। सफ़ेद रंग चावल के Powder से बनाएं। पिले यानी Yellow रंग के लिए हल्दी का इस्तेमाल करें। Brown Color के लिए लौंग या दालचीनी का, हरे रंग के लिए सौंफ और लाल रंग के लिए कुमकुम का इस्तेमाल करें। इसके अलावा फूलों से भी बहुत अच्छी रंगोली बनाई जा सकती है फूलों का बहुत बड़ा फायदा यह होगा कि आपका घर महक उठेगा।

 ⇨  Recycle-able gifts.    

दीवाली के बेहद हर्षो-उल्लास के मौके पर हम अपने रिश्तेदारों, दोस्तों और परिवार के सदस्यों को गिफ्ट्स भी देते है इतना ही नहीं Company भी अपने Workers को इस मौके पर गिफ्ट और Bonus देती है। माना जाता है कि एक दूसरे को Gift देने से रिश्ते मजबूत होते है और प्यार भी बढ़ता है। 

आप भी अगर सोच रहे है कि इस साल अपने दोस्तों रिश्तेदारों को Diwali gift में क्या दें, तो आपकी इस छोटी सी परेशानी का हल हम कर देते हैं। 

👉 Chocolate 👌

त्यौहार के मौके पर पहली चीज जो हम सबको याद आती है वह है मिठाई। लेकिन अगर आप Traditional मिठाई गिफ्ट में नहीं देना चाहते हैं तो आप Chocolate के Option को चुन सकते है। आखिर मुंह मीठा किए बिना Celebration कैसे पूरा होगा। Chocolates से न सिर्फ आप अपनों का दिल जीत पाएंगें बल्कि यह इस वक्त का Hot Trend भी है। इस दिवाली आप चाहें तो Chocolates और Dry Fruits को मिला-जुलाकर Special Hamper Gift भी दे सकते है। 

👉 Candle और Fragrance   

Diwali रौशनी का त्योहार है। और दीयों और मोमबत्तियों के बिना इसकी खूबसूरती अधूरी है। ऐसे में आप चाहें तो Designer और Scented Candles भी अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को दे सकते है। आप चाहे तो Market से खरीदने के बजाय Online भी इन चीजों की खरीददारी कर सकते है। Online न सिर्फ आपको अच्छी Deal मिल जाएगी बल्कि आपके समय में भी बचत होगी। 

👉 Lamps और Lighting 

बात रौशनी और लाइट्स की हो रही है तो Lamps से बेहतर और क्या हो सकता है। इन दिनों बाजार में एक से बढ़कर एक Lamps और Lights मौजूद है। आप बस अपने बजट के हिसाब से इन Lamps और Lights को चुन सकते है। अगर आप मिट्टी के दीए और मोमबत्तियां नहीं Use करना चाहते हैं, तो यकीन मानिए घर की सजावट के तौर पर इन Lamps और Lights का इस्तेमाल किया जा सकता है। 

👉 मूर्तियां   

भगवान की मूर्तियां गिफ्ट करना भी एक अच्छा विकल्प है। Diwali का मौका है। आप चाहे तो लक्ष्मी-गणेश की खूबसूरत मूर्तियों को भी अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को गिफ्ट में दे सकते है। फिर चाहे वह व्यक्ति धार्मिक हो या नहीं, Diwali के लिहाज से ये गिफ्ट Perfect माना जाता है। आप चाहें तो मिट्टी या सेरेमिक के अलावा Metal की मूर्तियां भी गिफ्ट में दे सकते है।    

👉 और आप चाहें तो अपनों की सेहत का ख़ास ख्याल रखते हुए इस बार मिठाई को छोड़ उनके लिए Protein, Vitamin, Minerals और Dietary Fiber युक्त तमाम सेहतमंद एवं पोषण से भरपूर Products gift करने के लिए चुन सकते हैं जैसे कि :- 
  • काजू 
  • पिस्ता 
  • हेजेल नट 
  • मामरा बादाम आदि 

इनके अलावा मीठे में :-
  • बेरी 
  • क्रैनबेरी 
  • ड्राइड कीवी 
  • एप्रीकॉट आदि उपलब्ध है। 

👉 Note :- ये सभी Gifts आपको खरीदने के लिए Online Sites:  Snapdeal, Amazon और Flipkart पर आसानी से उपलब्ध हो जाएंगें। इन सभी गिफ्ट्स को खरीदने के लिए आपको बाजार के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगें।

 ⇨  Note :-

इन सभी Gifts के साथ-साथ बाजार में ऐसे गिफ्ट भी बिकने लगे हैं, जो नष्ट नहीं होते है। ऐसे सामान को Non Recycled समान कहते है। जैसे POP (Plaster of Paris) से बनी मूर्तियां, पॉलिथीन से बने गिफ्ट्स आदि। ये Non Recycled सामान वर्षों तक पृथ्वी पर कचरे के रूप में यूं ही पड़े रहते है। हैं कोशिश करनी चाहिए कि हमारा उपहार / गिफ्ट Recycle-Able हो जैसे - मिट्टी की मूर्तियां, Eco-Friendly Lamp आदि।

 ⇨  विषैले तत्वों से सुरक्षा :  

Market में मिलने वाले पटाखे और उनका शोर, उससे निकलने वाले जहरीले पदार्थ हवा में फ़ैल जाते है, जिससे हमारा पर्यावरण दूषित होता है कई स्टडीज में यह बात साबित हो चुकी है कि पटाखों की भयानक आवाज़ न केवल बुजुर्गों की सुनने की क्षमता को कमज़ोर करती है। वहीं इससे Heart Attack के मामलों में भी वृद्धि हुई है। 
ऐसे में पटाखों के विकल्प के तौर पर सूखे पत्ते, घास और डालियाँ जैसी चीजों से Bonfire जला कर रौशनी के इस त्यौहार को किसी खुली जगह पर सबके साथ मनाएं। और अगर आपके बच्चे पटाखे चलाने की जिद करते है, तो उन्हें नेचुरल पटाखे जलाने दें। ये पटाखे Recycle-paper से बनते है। और इनसे शोर भी बहुत कम होता है। 

अगर बच्चे पटाखे चलाने की ज्यादा ही जिद करें तो Group या पूल बनाकर कई बच्चों को इकट्ठा करके खुली जगह ले जाकर भी आप पटाखे चला सकते है, आतिशबाज़ी कर सकते है। इस तरह आप बच्चों को पटाखों के खतरे से तो बचाएंगे ही और साथ में उन्हें एक ज़िम्मेदार नागरिक बनने के लिए भी प्रेरित करेंगें।

 ➣  दिवाली पर Diabetes के मरीज़ों को ख़ास ख्याल रखना होगा।  

आने वाले 7 नवंबर बुधवार को दिवाली का त्योहार है, त्यौहार के सीजन में अपने सगे-सम्बधियों का स्वागत ज्यादातर मिठाइयों से ही किया जाता है। ऐसे में Diabetes (शूगर) के मरीज़ों को ज्यादा परेशानी हो जाती है। उनका शूगर लेवल इस समय बढ़ जाता है। ऐसे में उन्हें अपनी सेहत का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। 

अगर आप शूगर फ्री मिठाई खाने के बारे में सोच रहे है तो ये भी आपके लिए नुकसान हो सकती है। इसलिए आप घर में ही अपने लिए इस तरह से मिठाई तैयार कर सकते है। जैसे :

अगर आप रसगुल्ले खाने के बारे में सोच रहे है तो उसकी चाशनी निचोड़ और छेने से बने रसगुल्ले ही घर पर लाएं और फिर घर पर ही रबड़ी तैयार करके रसगुल्लों का लुत्फ़ उठाएं।

दिवाली पर घर पर बनी मिठाइयों का सेवन कर सकते है बशर्ते वो कम कैलोरी की हो और Natural चीजों से बनी हुई हो।

अगर मीठा खाने की इच्छा हो तो आप मीठे फलों का सेवन कर सकते है त्यौहार के सीजन में अपनी Health के साथ कोई लापरवाही ना बरतें, क्योंकि लापवाही से आपकी सेहत खराब हो सकती है।

आपके त्यौहार का मज़ा किरकिरा हो सकता है इसलिए जब भी शॉपिंग के लिए जाएं तो अपने साथ Snacks जरूर रखें। क्योंकि त्यौहार के मौके पर Market में तरह-तरह की मिठाइयां देखने को मिलती है। जिससे की उन्हें खाने के लिए हमारा मन तड़प उठता है। इसके साथ-साथ डायबिटीज के मरीज़ त्यौहार की भागदौड़ी में  Exercise करना न भूलें।

 ⇨  वायु प्रदूषण 

👉 पटाखों को ज्यादा शोर और रौशनी पैदा करने वाले बनाने के लिए इनमें पारा और सीसा भरा जाता है।

👉 कई पटाखों में Sulfur और Carbon होता है।

👉 Chines पटाखों में Potassium cl-orate होता है।

👉 पटाखों में धमाके के लिए Gun Powder की गोली रखी जाती है। रौशनी के लिए अलग-अलग साल्ट भरे जाते है। घूमने वाले पटाखों से फ्लू Gas निकलती है।

👉 सामान्यत: एक व्यक्ति 60 Decibel तक ही आवाज़ सुन सकता है। इससे उपर हर 3 Decimal आवाज़ की वृद्धि खतरा बढ़ाती है। कई पटाखों जैसे रस्सी बम से तो शोर 115 Decibel से भी ज्यादा होता है। एक स्टडी के मुताबिक दीवाली के दौरान शोर व्यक्ति की सामान्य सहन क्षमता से ज्यादा होता है, जो सुनने (श्रवण) की शक्ति को क्षति पहुंचाता है।

👉 World Health Organization के मुताबिक दुनिया के सबसे प्रदूषित वायु वाले 20 शहरों में से हमारे देश के 13 शहर आते है। Diwali के दिनों में तो वायु प्रदूषण कई गुना बढ़ जाता है। Diwali के दूसरे दिन शहर की सड़कों पर कई Metric टन अतिरिक्त कचरा मिलता है।

👉 पटाखों के प्रदूषण से Asthma, मिर्गी और Cancer का खतरा बढ़ता है।

👉 High Blood Pressure, Asthma, Heart Diseases पटाखों के फूटने और शोर से असहज हो जाते है।

👉 सीसा Kidney व Nervous System को क्षति पहुंचाता है।

👉 फेफड़ों के मरीज़ और बच्चों के लिए पारा और सीसायुक्त प्रदूषण खतरनाक है।

👉 पटाखों से निकलने वाले धुंए से एलर्जी, आँखों में जलन और पानी निकलने लगता है।

👉 पटाखों का शोर छोटे बच्चों को विचलित करता है। इससे उनके Nervous System को हानि पहुँचती है।

👉 पटाखों का धुआं कई रोगों का खतरा बढ़ाता है Asthma और Bronchitis के रोगी को दौरा भी पड़ सकता है। और पटाखों से खांसी भी आप पर हावी होती है।    

👉 Conclusion:

तो दोस्तों इस लेख के अंतिम पड़ाव पर हम आपसे यही कहना चाहेंगें, कि अगर आप अपने आपको देश के महान नागरिक मानते है तो कृपया इस लेख में की गई बातों पर अमल करने की कोशिश करें। ताकि आप खुद और बाकी सब नागरिकों को स्वस्थ रख पाएं।

अत: हम आपसे विदा लेते है। Comment करके जरूर बताइएगा कि आपको ये Diwali Special Article " Eco friendly Diwali manane ke sabse achhe tarike " कैसा लगा।

और हां, दिवाली के इस बेहद ख़ुशी के मौके पर हम अपनी नवाज़िश के साथ आपको दिवाली की बहुत-बहुत शुभकामनाएं देते हैं। 

Wish You Happy Diwali 🙏 🙏

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